Flesh Review:मानव तस्करी,वेश्यावृत्ति के मुद्दे के साथ इमोशन का तड़का

Flesh Web Series Review:मानव तस्करी और वेश्यावृत्ति के मुद्दे पर बनी फ्लेश वेब सीरीज में इमोशन को अच्छे से पिरोया है लेकिन कहानी फ्लैशबैक और रियल टाइम के दो छोर के बीच फंसी रहती है पहली बार स्वरा भास्कर पुलिस की वर्दी में नज़र आई है,वो इसमें एसीपी राधा नौटियाल के किरदार में है फ़्लैश वेब सीरीज देखने से पहले इसे जरुर पढ़े|

Flesh Review: मानव तस्करी,वेश्यावृत्ति के मुद्दे के साथ इमोशन का तड़का

Flesh Review:मानव तस्करी,वेश्यावृत्ति के मुद्दे के साथ इमोशन का तड़का 


समीक्षा

ह्यूमन ट्रेफिकिंग और प्रॉस्टिट्यूशन यानी देह व्यापार (Human trafficking and prostitution means body trade) के काले धंधे के सच को उजागर करती फ्लेश वेब सीरीज (Flesh web series) कुछ अलग दिखाने में कामयाब होती है

Eros digital pletform ने इस वेब सीरीज को ओरिजिनल कंटेंट के रूप में लांच किया है | इसमें पहली बार स्वरा भास्कर पुलिस की वर्दी में नज़र आई है | उन्होंने एसीपी राधा नौटियाल का किरदार निभाया है जो देह व्यापार से जुड़े सभी काले धंदे के खिलाफ लड़ाई लड़ रही है |

फ्लेश की कहानी कई अलग अलग परतो में चलती है लेकिन अंत में जाकर एक हो जाती है| यही इस वेब सीरीज की सबसे बड़ी खासियत है | इसमें दिखाया गया है की कोई इंसान जन्म से क्रूर होते तो कुछ माहौल के मारे होते है और क्रूर जानवर बन जाते है | जिनके लिए रिश्ते नाते के कोई मोल नहीं होता है| ऐसी ही एक कहानी फ्लेश के जरिये दिखाई गयी है |

आठ एपिसोड्स की इस वेबसीरीज में सेक्स-ड्रग्स-ड्रामा-एक्शन(Sex-drugs-drama-action) के तडके के साथ भर भर के गलियां भी है जो आपको असहज करेगी लेकिन कंटेंट के हिसाब से देखा जाये तो कहानी की डिमांड थी

फ्लेश की कहानी ह्यूमन ट्रेफिकिंग पर बेस्ड है लिहाजा इसमें  दिखाया गया है की कैसे मासूम लडकियों को जाल में फंसकर कर उनकी नीलामी की जाती है और कैसे देह व्यापार में धकेल दिया जाता है | जहाँ उनको रेप-हिंसा इत्यादि से गुजरना पड़ता है |

फ्लेश की कहानी सफ़ेदपोश लोगो के चेहरे से नकाब हटाती हुई ऐसे कई हकीकत के रूबरू होने का मौका देगी जिसे शायद आप सोच भी नहीं सकते है | अगर आप इन सब कड़वी हकीकत वाले दृश्यों से बैचेन ना हो तो ये फ्लेश वेब सीरीज आप देख सकते है|

फ्लेश की कहानी को पूजा लाढ़ा सूरती ने बड़े ही रोचक ढंग से रचा है| जिस  कारण से हर एपिसोड की कहानी दमदार है | कहानी कही भी अपनी पकड़ नहीं छोडती है |

साथ ही  निर्देशक दानिश असलम का काम भी काबिले तारीफ है उन्होंने बहुतअच्छे ढंग से शूट किया है जिस कारण कहानी का रोचक तत्व आपको अंत तक बनाये रखेंगे |

हालाँकि आखरी एपिसोड बॉलीवुड फिल्मो के फ्लेवर में लिपटे हुए है  जहाँ आपको थोड़ी सी मायूसी जरुर होगी |बाकि ये सीरीज देखने लायक है | बस इस बात का ध्यान रखे की फ्लेश सीरीज का कंटेंट थोडा जायदा एडल्ट है इसलिए बच्चो से दूर ही रखे |

कहानी

फ्लैश वेब सीरीज की कहानी मुंबई से कोलकाता तक फैले दो महानगरों के बीच मानव तस्करी में लिप्त गैंग्स की है,जिसे पुलिस के सहयोग से चलाया जा रहा है | वही दूसरी तरफ ए.सी.पी राधा नौटियाल (Swara bhaskar) देह्व्य्पार के खिलाफ अपनी मुहीम चला रही है

देह व्यापार और ह्यूमन ट्रेफिकिंग की जाल (Body trade and human trafficking trap) में फंस कर कई मासूम की जिंदगियां बर्बाद हो जाती है | ए.सी.पी राधा नौटियाल के अतीत से कुछ कडवी सच्चाई जुडी हुई है जिसके चलते वो हर पल बैचेन रहती है,उसे नींद नहीं आती है |

वो एक जगह कहती है ''मैं चाहती हूं कि दुनिया के सारे सेक्स ट्रेफिकर्स चौपाटी में नंगे खड़े हों और मैं मशीनगन से उड़ा दूं” कहानी शुरू होती है  एंटी ह्यूमन ट्रेफिकिंग यूनिटमुंबई की एसीपी राधा नौटियाल के सीक्रेट मिशन से जिसमे वो जिस्मफरोशी के बड़े धंधे का भांडा फोडती है और कई युवतियों को छुड़ाती है | जिसमे वो एक मुजरिम पर गोली चलाती है जिसके चलते उसको सस्पैंड कर दिया जाता है | लेकिन फिर भी वो मानव तस्करों के पीछे लगी रहती है|

इसी बीच कहानी में, मुंबई में एक रईस परिवार की यूएस ग्रीन कार्ड होल्डर 17 साल की जोया गुप्ता (महिमा मकवाना) को का किडनेप कर उसे मानव तस्कर को बेंच दिया जाता है | जिसकी तलाश में उसके माता पिता मुंबई पुलिस के पास पहुँचते है | लेकिन कई महीने गुजरने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिलता है |तब जाकर ये केस एंटी ह्यूमन ट्रेफिकिंग यूनिट के पास आता है | फिर से बहाल हुई एसीपी राधा नौटियाल इस केस को लेती है |

जोया गुप्ता के साथ कई लडकियों के खेप है जिन्हें मुंबई से कोलकत्ता सड़क के रास्ते ले जाया जा रहा है | फ्लेश की कहानी 3 किरदारों की है जो की समांतर चल रही है |

1.पहली कहानी है,10 साल की बच्ची रज्जी की। जो अपने छोटे भाई के साथ ह्यूमन ट्रेफिकिंग (Human trafficking) के चुंगल में फंसा जाती है | वो हर पल वह से भागने की कोशिश करती रहती है |तो क्या वो भाग पायेगी ?क्या वो अपने साथ अपने भाई को इस चुंगल से निकाल पायेगी ?

2.दूसरी कहानी है 16 साल की जोया गुप्ता की, अमेरिका से वो अपने परिवार के साथ मुंबई एक विवहा समरोह में शामिल होने आई है | जहाँ से उसका किडनेप हो जाता है ,और उसे बाद में जिस्म फरोशी के जाल में फैंक दिया जाता है |

3. तीसरी कहानी है (Anti human trafficking unit) एंटी ह्यूमन ट्रेफिकिंग यूनिट की एसीपी राधा नौटियाल(Swara bhaskar as ACP Radha Nautiyal) की ,जिसके अतीत में कुछ गहरे राज़ छुपे है जिसके जवाब वो कहानी में तलाशती रहती है |

तीनो ट्रैक समान्तर चलते है लेकिन जब अंत में जाकर एक होते है तो कई गहरे राज़ से पर्दा फाश होता है | जिसे देख कर आप भी चौंक जायेंगे |


अभिनय और निर्देशन

फ्लैश में राधा नौटियाल समाज और पुलिस डिपार्टमेंट में मिसफिट वाले किरदार है में फिट बैठती है उन्होंने अपने इस रोल को शिद्दत से निभाया है,वह तमाम असामाजिक बातों के विरुद्ध खड़ी रहती है| फ्लैश में उनके अभिनय को देखकर लगता है की कुछ समय पहले आई वेब सीरीज रसभरी आखिर क्यूँ की ?

 

निर्देशक

निर्देशक दानिश असलम ने भी अपना बेस्ट दिया है | हालाँकि पूजा लाढ़ा सूरती की कसी हुई  स्क्रिप्ट ने उनकी काफी मदद की है | फिर 3 ट्रैक्स को एक साथ समांतर चलाना और उसे शूट करना बहुत ही मुश्किल काम होता है | ये एक मच्योर निर्देशक दानिश असलम बखूबी निभाते है | उन्होंने बहुतअच्छे ढंग से शूट किया है जिस कारण कहानी का रोचक तत्व आपको अंत तक बनाये रखा है | एडिटिंग भी काफी क्रिप्स की है जो आपका समय ख़राब नहीं करेगी आपको कहानी में बनाये रखेगी |

फ्लेश देखे या नहीं ?

देखिये अगर आप स्वरा भास्कर के विरोधी है तो मैं आपको नहीं कहूँगा की आप देखे? लेकिन फ्लेश कहानी समाज के कडवे अनुभव से रूबरू होने का मौका देती है | अगर आप सेक्स-ड्रग्स-ड्रामा-ऐक्शन पर बनी एक अच्छी कहानी के दमदार अभिनय को देखना चाहते है | तो आप इसे ज़रूर देखे | इसे आप केवल eros now digital pletform पर ही स्ट्रीम कर पाएंगे|